Sunday, January 19, 2020

बयान: सलमान, सिब्बल,जयराम के CAA पर एक सुर, बोले- कानून लागू करने के अलावा विकल्प नहीं

https://ift.tt/2TBVvPF

डिजिटल डेस्क, दिल्ली। नागरिकता कानून को लेकर कांग्रेस के तीन दिग्गज नेता सलमान खुर्शीद, कपिल सिब्बल और जयराम रमेश ने एक सुर में कहा, संवैधानिक रूप से राज्यों के लिए इस कानून को न मानना मुश्किल होगा। कपिल सिब्बल और जयराम रमेश केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान के बयान का समर्थन कर चुके हैं। अब इस रेस में कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद भी शामिल हो गए हैं। खुर्शीद ने कहा, ''संवैधानिक रूप से, राज्य सरकार के लिए यह कहना मुश्किल होगा कि' हम संसद द्वारा पारित कानून का पालन नहीं करेंगे '  यदि सुप्रीम कोर्ट हस्तक्षेप नहीं करता है तो यह कानून की किताब पर बना रहेगा। अगर कुछ कानून की किताब पर है तो आपको कानून का पालन करना पड़ेगा, अन्यथा इसके अलग नतीजे हो सकते हैं'

केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान का बयान
एक यूनिवर्सिटी के एक कार्यक्रम को संबोधित करने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने कहा, "आप अपनी बुद्धि का उपयोग करके तर्क दे सकते हैं, आपको इसे सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देने का अधिकार है लेकिन नागरिकता अधिनियम संघ सूची का विषय है और राज्य का विषय नहीं है," उन्होंने कहा, “राज्य सरकार के पास इस कानून को लागू करने के अलावा कोई रास्ता नहीं है। इसे अनुच्छेद-254 के तहत लागू करना होगा। आप इसे किसी भी कीमत पर लागू करने से इनकार नहीं कर सकते।यह आपके अधिकार क्षेत्र में नहीं आता।

कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल का बयान
केरला लिटरेचर फेस्टिवल में  कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने कहा कि कोई भी राज्य संसद से पास एक्ट को लागू करने से इनकार नहीं कर सकता हैं। एक्ट को लागू करने से इनकार करना असंवैधानिक होगा। बता दें कि CAA को कई राज्य सरकारों ने लागू करने इनकार कर दिया है और वह इस कानून को वापस लेने की मांग कर रहे हैं। सिब्बल ने कहा, 'अगर सीएए पास हो गया है तो कोई भी राज्य यह नहीं कह सकता है कि मैं इसे लागू नहीं करूंगा। यह संभव नहीं है और असंवैधानिक है। 

कांग्रेस नेता जयराम रमेश का बयान
पूर्व केंद्रीय मंत्री जयराम रमेश ने भी ऐसा ही बयान दिया है। एक निजी अखबार के साथ बातचीत में उन्होंने कहा कि जो राज्य ये कह रहे हैं कि वे अपने प्रदेश में CAA लागू नहीं करेंगे, अदालत में उनका ये तर्क टिक पाएगा या नहीं इस बारे में वे सौ फीसदी इत्मीनान नहीं है।

इन राज्यों में विरोध
10 जनवरी से देश भर में नागरिकता कानून लागू हो चुका है। कई गैर बीजेपी शासित राज्यों में नागरिकता कानून को अपने यहां लागू करने से इनकार किया है। जिनमें केरल, राजस्थान, मध्यप्रदेश, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र सहित कई राज्य शामिल है। केरल सरकार ने इस हफ्ते की शुरुआत में सीएए के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था। इन सभी राज्यों ने सीएए के साथ ही राष्ट्रीय नागरिक पंजी (NRC) और राष्ट्रीय जनसंख्या पंजी (NPR) का विरोध किया है। 



.Download Dainik Bhaskar Hindi App for Latest Hindi News.
.
...
Statement of Congress leaders Salman Khurshid, Kapil Sibal and Jairam Ramesh on Citizenship amendment law
.
.
.


from दैनिक भास्कर हिंदी https://ift.tt/30z10A5

No comments:

Post a Comment